
मेरापुर (फर्रुखाबाद)। थाना मोहम्मदाबाद क्षेत्र के गांव बहादुर नगला के पास एक दर्दनाक हादसे में मेरापुर ग्राम देवसानी निवासी मालती देवी पत्नी मुकेश चंद (उम्र लगभग 23 वर्ष) की इलाज के दौरान मौत हो गई। यह हादसा उस समय हुआ जब मालती देवी अपने पुत्र शोभित के साथ बड़ी पुत्री स्वार्थी से मिलकर वापस घर लौट रही थीं।
प्राप्त जानकारी के अनुसार मालती देवी की बड़ी पुत्री स्वार्थी बी फार्म में पढ़ाई कर रही है। बुधवार को मालती देवी अपने पुत्र शोभित के साथ बाइक से उससे मिलकर लौट रही थीं। जैसे ही उनकी बाइक थाना मोहम्मदाबाद क्षेत्र के गांव बहादुर नगला के पास पहुंची, तभी अचानक एक आवारा कुत्ते ने मालती देवी की धोती खींच ली। अचानक हुए इस घटनाक्रम से बाइक असंतुलित हो गई और मालती देवी सड़क पर गिर पड़ीं। गिरने से उन्हें गंभीर चोटें आईं।
हादसे के बाद आसपास के लोगों की मदद से परिजन मौके पर पहुंचे और घायल अवस्था में मालती देवी को तत्काल इलाज के लिए सैफई मेडिकल कॉलेज ले जाया गया। वहां चिकित्सकों ने उनकी हालत गंभीर देखते हुए ऑपरेशन किया और उन्हें आईसीयू में भर्ती कर दिया गया। डॉक्टरों ने हर संभव प्रयास किया, लेकिन इलाज के दौरान मालती देवी ने दम तोड़ दिया।
मालती देवी की मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। अस्पताल में मौजूद परिजन बेसुध हो गए। मेडिकल कॉलेज में आवश्यक औपचारिकताएं पूरी करने के बाद मालती देवी के शव का पोस्टमार्टम कराया गया। पोस्टमार्टम के बाद जब शव गांव देवसानी पहुंचा तो पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई। हर आंख नम थी और माहौल गमगीन हो गया।
मालती देवी ग्राम देवसनी में आंगनबाड़ी की सहायिका के रूप में कार्यरत थीं। वे अपने सरल स्वभाव और मेहनती कार्यशैली के लिए जानी जाती थीं। उनके निधन से न केवल परिवार बल्कि पूरे गांव को अपूरणीय क्षति पहुंची है। ग्रामीणों ने बताया कि मालती देवी हमेशा जरूरतमंदों की मदद के लिए तैयार रहती थीं और बच्चों के बीच उनका विशेष सम्मान था।
मालती देवी अपने पीछे दो पुत्रियां और एक पुत्र छोड़ गई हैं। बड़ी पुत्री स्वार्थी की उम्र लगभग 20 वर्ष है, दूसरी पुत्री भारती 17 वर्ष की है, जबकि पुत्र शोभित 23 वर्ष का है। पति मुकेश चंद सहित पूरे परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। बच्चों के सिर से मां का साया उठ जाने से भविष्य को लेकर परिजनों की चिंता और बढ़ गई है।
ग्रामीणों ने प्रशासन से आवारा कुत्तों की बढ़ती समस्या पर ध्यान देने की मांग की है। लोगों का कहना है कि क्षेत्र में आवारा कुत्तों का आतंक लगातार बढ़ रहा है, जिससे आए दिन हादसे हो रहे हैं। यदि समय रहते इस पर नियंत्रण नहीं किया गया तो ऐसे दर्दनाक हादसे दोबारा भी हो सकते हैं।
इस घटना ने एक बार फिर सड़क सुरक्षा और आवारा पशुओं की समस्या को गंभीर रूप से उजागर कर दिया है। गांव में फिलहाल शोक का माहौल है और हर कोई मालती देवी को नम आंखों से याद कर रहा है।
संवाददाता (सोनू राजपूत)
