
फर्रुखाबाद। (SPK न्यूज़ 24) फर्रुखाबाद से एक प्रेरणादायक और सेवा भाव से परिपूर्ण खबर सामने आई है, जहाँ आज मेजर एस.डी. सिंह विश्वविद्यालय, फर्रुखाबाद में परम पूज्य माता जी कृष्णा देवी जी (जिया जी) की जयंती के अवसर पर एक भव्य समारोह एवं कंबल वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम न केवल सामाजिक सरोकारों का प्रतीक बना, बल्कि शिक्षा, सेवा और संस्कार की त्रिवेणी के रूप में भी उभरकर सामने आया।कार्यक्रम का शुभारंभ पारंपरिक रूप से दीप प्रज्वलन के साथ किया गया। इस अवसर पर मंच पर उपस्थित रहे फर्रुखाबाद के जिलाधिकारी श्री आशुतोष कुमार द्विवेदी, पुलिस अधीक्षक महोदया आरती सिंह, शिक्षाविद एवं समाजसेवी श्री बाबू सिंह (दद्दू जी), मेजर एस.डी. सिंह विश्वविद्यालय के कुलाधिपति डॉ. अनार सिंह, तथा विश्वविद्यालय की चेयरपर्सन डॉ. अनीता यादव और प्रति कुलाधीपति डॉक्टर अंचल सिंह। सभी अतिथियों ने माता जी कृष्णा देवी जी के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया और दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का औपचारिक शुभारंभ किया।इस अवसर पर विश्वविद्यालय परिसर में बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक, विद्यार्थी, शिक्षकगण और जरूरतमंद लोग उपस्थित रहे। जयंती समारोह के अंतर्गत आयोजित कंबल वितरण कार्यक्रम ने ठंड के इस मौसम में जरूरतमंदों को राहत पहुंचाने का महत्वपूर्ण कार्य किया। मंचासीन अतिथियों द्वारा स्वयं आगे बढ़कर लोगों को गर्म कंबल वितरित किए गए, जिससे पूरे वातावरण में संवेदनशीलता और मानवीय करुणा का भाव देखने को मिला।कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिलाधिकारी आशुतोष कुमार द्विवेदी ने कहा कि इस प्रकार के आयोजन समाज में सकारात्मक संदेश देते हैं। उन्होंने विश्वविद्यालय प्रबंधन की सराहना करते हुए कहा कि शिक्षा के साथ-साथ सामाजिक उत्तरदायित्व निभाना भी किसी संस्थान की पहचान बनाता है। उन्होंने माता जी कृष्णा देवी जी के जीवन मूल्यों को स्मरण करते हुए कहा कि सेवा और त्याग की भावना ही समाज को आगे बढ़ाती है।वहीं पुलिस अधीक्षक महोदया आरती सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि माता जी की स्मृति में आयोजित यह कार्यक्रम वास्तव में प्रेरणादायक है। उन्होंने कहा कि कंबल वितरण जैसे कार्य समाज के कमजोर वर्गों के प्रति हमारी जिम्मेदारी को दर्शाते हैं। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे शिक्षा के साथ-साथ सामाजिक कार्यों में भी बढ़-चढ़कर भाग लें।शिक्षाविद श्री बाबू सिंह (दद्दू जी) ने अपने विचार रखते हुए कहा कि मेरी धर्म पत्नी कृष्णा देवी जी का जीवन सादगी, सेवा और संस्कारों का प्रतीक था। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजनों से नई पीढ़ी को अपने मूल्यों से जुड़ने की प्रेरणा मिलती है। उन्होंने विश्वविद्यालय परिवार को इस आयोजन के लिए शुभकामनाएं दीं।कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण रहे मेजर एस.डी. सिंह विश्वविद्यालय के कुलाधिपति डॉ. अनार सिंह, जिनका नाम शिक्षा के क्षेत्र में फर्रुखाबाद को विश्व स्तर पर पहचान दिलाने वालों में प्रमुख रूप से लिया जाता है। अपने ओजस्वी संबोधन में डॉ. अनार सिंह ने कहा कि माता जी कृष्णा देवी जी का जीवन मानव सेवा के लिए समर्पित रहा। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय केवल डिग्री देने का केंद्र नहीं, बल्कि समाज निर्माण की प्रयोगशाला होना चाहिए।डॉ. अनार सिंह ने कहा कि शिक्षा का उद्देश्य केवल रोजगार प्राप्त करना नहीं, बल्कि एक जिम्मेदार और संवेदनशील नागरिक बनाना है। उन्होंने कहा कि फर्रुखाबाद को शिक्षा के क्षेत्र में वैश्विक मानचित्र पर स्थापित करने का उनका सपना तभी साकार होगा, जब शिक्षा के साथ संस्कार और सेवा का समन्वय होगा। उन्होंने इस बात पर विशेष जोर दिया कि विश्वविद्यालय भविष्य में भी इस प्रकार के सामाजिक कार्यक्रमों को निरंतर आयोजित करता रहेगा।विश्वविद्यालय की चेयरपर्सन डॉ. अनीता यादव ने अपने संबोधन में कहा कि माता जी कृष्णा देवी जी की जयंती पर आयोजित यह कार्यक्रम विश्वविद्यालय परिवार के लिए भावनात्मक और प्रेरणादायक है। उन्होंने कहा कि महिलाओं, विद्यार्थियों और समाज के वंचित वर्गों के उत्थान के लिए विश्वविद्यालय लगातार कार्य कर रहा है। उन्होंने सभी अतिथियों और सहयोगियों का आभार व्यक्त किया।कार्यक्रम के दौरान सांस्कृतिक वातावरण भी देखने को मिला। विद्यार्थियों और स्वयंसेवकों ने आयोजन को सुचारू रूप से संपन्न कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। कंबल वितरण के दौरान लोगों के चेहरों पर संतोष और खुशी साफ झलक रही थी, जो इस आयोजन की सफलता का सबसे बड़ा प्रमाण था। कुल मिलाकर, मेजर एस.डी. सिंह विश्वविद्यालय में आयोजित यह जयंती समारोह और कंबल वितरण कार्यक्रम न केवल माता जी कृष्णा देवी जी को सच्ची श्रद्धांजलि था, बल्कि समाज के प्रति दायित्व निभाने का एक सशक्त उदाहरण भी बना। यह आयोजन यह संदेश देता है कि जब शिक्षा, प्रशासन और समाज एक साथ आते हैं, तो बदलाव निश्चित होता है।
